पुराणी से पुराणी खासी की घरेलू दवा -आयुर्वेदिव जड़ी बूटिया
सर्दी जुखाम वैसे तो आम सीजन में भी होती ही है परन्तु सर्दी और ठण्ड मौसम में कुछ ज्यादा है होती रहती है। लेकिन अगर बात करे बच्चे और बुजुर्ग लोगो की तो उन्हें ज्यादा होती है क्योकि इनका इम्युनिटी पावर कम होती है और सर्दी वायरल इंस्पेक्शन से जल्दी फैलती है इसलिए इसके चपेट में बच्चे बुजुर्ग जल्दी आ जाते है। सर्दी के बाद बोहोत सारे लोगोको खासी भी हो जाती है। और किन किन लोगो की खासी तो बोहोत दिन तक नहीं जाती। इसलित हम आपको पुराणी से पुराणी खासी की घरेलू दवा बताएँगे जो आयुर्वेदिक जड़ी बूटीओ से बनाई जाती है।
जब किसी को खासी हो जाती है तो उसे बोहोत दर्द और पुरे शरीर में जकड़न सी लगने लगती है और इसके कारन किसी काम में मन नहीं लगता, तो चलो जानते है पुराणी से पुराणी खासी की घरेलू दवा जो आसानी से घर पर बनाई जा सकती है।पुराणी से पुराणी खासी की घरेलू दवा
1 - काली मिर्च 10 ग्राम
2 -दालचीनी 10 ग्राम
3 -अदरक १० ग्राम
4 -लौंग 10 ग्राम
5 -तुलसी के पत्ते 10
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ऊपर दी हुई सामग्री को आप अच्छेसे कूट के उसकी पाउडर बना ले और उसमे स्वाद के लिए थोड़ा गुड़ मिला ले इसे आप गोलिया बनाकर खा भी सकते हो या फिर इस पाउडर को आप कोमट पानी के साथ भी ले सकते है। इससे आपको खासी में काफी लाभ मिलेगा और साथ में आपका बलगम भी निकलना चालू हो जाएगा।
पुरानी से पुराणी खासी की आयुर्वेदिक दवा
पुराणी खासी एक गंभी समस्या होती है। जिसमे आदमी खांसते -खांसते परेशांन हो जाता है और इसके कारन पेट एवं पेट की पसलियों में भी दर्द होता है। और छाती में कफ बोहोत ज्यादा बनाने लगता है और अगर कफ बाहर नहीं निकलता तो आपको श्वास लेनेको दिक्कत आने लगती है और इन सबके कारन आपको टीबी जैसा खतरनाक रोग भी हो सकता है। इससे बचने के लिए आप घरेलू उपाय अपना सकते है।
1 . शहद
शहद एक ऐसा पदार्थ है जो हर प्रकार की आयुर्वेदिक दवा बनाने में यूज़ होता है। शहद में एंटीऑक्सीडेंट गुण होते है जो हमारे गले की खराश को ठीक करते है और अगर उसको गर्म पानी के साथ ले तो आपको और भी लाभ मिलेंगे जैसे की आपके गले की मासपेशिया नरम होने लगती है इसके कारन गले की खराश ठीक होने में मदत मिलती है और बार बार खासी आना भी कम हो जाता है।
2 . हल्दी
हल्दी हमारे मसलो में पाया जाने वाला एक आम पदार्थ है। पर यह बोहोत सारी स्वास्थ समस्याओ को दूर करने वाली है। हल्दी एक एंटीबीओटिक काम करती है। खासी में यह एक रामबाण इलाज है। एक ग्लास गर्म दूध के साथ आप हल्दी ले सकते हो इससे आपके गले की खराश दूर होगी और साथ में आपका कफ भी आसानी से बाहर निकलने लगेगा।
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3 .काली मिर्च
काली मिर्च भी हमारे मसालों में पाया जाने वाला एक पदार्थ है। काली मिर्च छाती में जमे कफ को आसानी से बाहेर निकल देती है। इसे शहद के साथ लेना चाहिए या फिर गर्म पानी के साथ या चाय के साथ भी ले सकते है। इससे आपका बंद नाक भी खुल जाता है।
4 . सरसो
एक चम्मच सरसो के बीजोको एक ग्लास पानी के साथ अच्छेसे उबाल ले और बादमे उस पानी को थोड़ा कोमट होने पर पी ले ,इससे आपको खासी में बहुत आराम मिलेगा। सरसो के बीजो में मौजूद सल्फर जमे हुए कफ को आसानी से बाहर निकलने में मदत करता है।
5 . गर्म पानी
यह सबसे आसान तरीका है खासी में आराम पाने का गर्म पानी को घोट घोट करके पी सकते है या फिर गर्म पानी में थोड़ा नमक डालकर उससे गरारे करके भी आपको खासी में आराम मिलता है। गर्म पानी की वाफ़ लेने से भी आपके गले की खराश में राहत मिलती है।
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खासी आने के क्या कारन होते है
वैसे तो खासी के दो प्रकार है एक सुखी खासी और दूसरी बलगम वाली खासी इसमें एक और पुरानी खासी भी हो सकती है जो 6 से लेकर 8 हफ्ते तक की रहती है यह आपको टीबी के कारण होती है।
* खासी आपको वायरल इंस्पेक्शन के कारन हो सकती है
* सर्दी या फ्लू के कारन
* प्रदुषण या धूल मिट्टी के कारन
* अधिक धूम्रपान करने के कारन
* फेफड़ो का कैंसर के कारन
* दमा या टीबी रोग होने के कारण
यह सारे कारन जिम्मेदार होते है खासी होने में।
खासी के क्या लक्षण होते है।
यदि आपको खासी संक्रमण के कारन होती है तो निचे दिए हुए कुछ लक्षण आपको हो सकते है ,
* बुखार
* नाक से पानी आना
* शरीर में दर्द और ठंड लगना
* साइनस में दर्द होना
* बलगम निकलना
* बार बार खासते समय उलटी की इच्छा होना
5 मिनिट में खासी से छुटकारा कैसे पाए
सुखी खासी हो या फिर बलगम वाली दोनो ही बोहोत परेशान करती है इससे आपका गला खराब होता हो और शरीर में दर्द भी रहता है। और बार बार खासने के कारण पेट की पसलिओ में भी दर्द होता है।
शहद खासी में काफी लाभ मिलता है। पानी को अच्छे से गर्म करके उसमे दो चम्मच शहद डालकर उसे चाय की तरह चुस्सकीया लेकर पीना चाहिए इससे आपको खासी में तुरंत आराम मिलता है। काला नमक बोहोत फायदेमंद होता है हमारे शरीर के लिए उसे अदरक के साथ कुटके थोड़ी देर सेख कर चबाकर उसका रस पीना चाहिए इससे आप पायेंगे की 5 मिनिट के अंदर ही आपको आराम मिलना चालू हो जायेगा।
सारांश
इस लेख में हमने पुराने से पुराने खासी के घरेलू दवा बताई है। इसको अपनाने से आप अपनी खासी दूर कर सकते हो। परन्तु किसी भी दवा या नुस्खा अपनाने से पाहिले आप अच्छेसे उसके बारे में जानकारी प्राप्त कर ले। या फिर किसी विशषज्ञ डॉक्टर से सलाह जरूर कर ले।
FAQ
Q . 1 -खासी में तुरंत आराम पाने के लिए क्या करे ?
Ans -;आप चाय को शहद में मिलाकर ले सकते है। यह खासी की बेस्ट दवा है। और आप शहद के साथ प्याज का रस मिलाकर भी ले सकते है। इससे भी आपको बोहोत आराम मिलेगा।
Q . 2 -बलगम को जड़ से ख़त्म कैसे करे ?
Ans -;गर्म चीजे खाने या पाने से आपको काफी आराम मिलता है ,जैसे की गर्म पानी पी सकते है या फिर गर्म पानी की वाफ़ ले सकते है इससे भी लाभ मिलता है। और शहद को गर्म पानी के साथ पी सकते है। या गुड़ को अदरक के साथ मिलाकर भी खा सकते हो यह भी बलगम को ख़त्म करने में कारगर है।
Q . 3 -पुराणी से पुरानी खासी के लिए कोनसी दवाई दी जाती है ?
Ans -;पुराणी से पुराणी खासी के लिए आप हिमालया का कॉलेट सिरफ या फिर पतंजलि का दिव्य स्वसारी सिरफ ले सकते है। यह दोनों ही आयुर्वेदिवक से बनाए हुए सिरफ है। इनको यूज़ करके आप पुराणी खासी से छुटकारा प् सकते है।
Q . 4 -पांच मिनिट में खासी से छुटकारा कैसे पाए ?
Ans पानी और शहद से आप तुरंत रहत पा सकते हो,आपको क्या करना है एक गिलास गर्म पानी में दो चम्मच शहद मिलाकर चाय की तरह चुस्किया मार कर पीना है इससे आपको 5 मिनिट में आराम मिलना चालू हो जायगा।
Q . 5 -छाती में जमा कफ कैसे निकाले ?
Ans -;गर्म पानी की वाफ लेने से आपके फेफड़ो में जमा कफ बाहेर आने में मदत मिलती है। काली मिर्च बलगम को बाहेर निकाल ने में असर कारक है। और साथ में गर्म पानी में नमक डालकर उससे गरारे करने से भी जमा हुवा बलगम बाहेर आता है। और इस के कारन आप छाती में हल्का महसूस करते हो।




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